श्रीराम मंदिर चढ़ावा विवाद: SIT ने शासन को सौंपी प्रारंभिक रिपोर्ट, कुछ कर्मचारियों पर मुकदमे की सिफारिश; जांच में सामने आए संवेदनशील तथ्य
NTN REPORT// अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में चढ़ावे की राशि को लेकर सामने आए विवाद की जांच कर रही विशेष जांच टीम (SIT) ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट उत्तर प्रदेश शासन को सौंप दी है। मंगलवार को गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय प्रसाद को सौंपी गई इस रिपोर्ट में कई महत्वपूर्ण और संवेदनशील बिंदुओं का उल्लेख किया गया है।

सूत्रों के अनुसार, SIT ने अपनी रिपोर्ट में कुछ कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई करने और मुकदमा दर्ज करने की सिफारिश की है। हालांकि शासन स्तर पर रिपोर्ट का अध्ययन किया जा रहा है और इसे अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है।
7 जून को सामने आया था चढ़ावा चोरी का मामला
श्रीराम मंदिर में चढ़ावे की गणना और उससे जुड़ी व्यवस्थाओं को लेकर विवाद 7 जून को सामने आया था। इसके बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अनुरोध पर उत्तर प्रदेश सरकार ने 13 जून को लखनऊ मंडलायुक्त डॉ. विजय विश्वास पंत की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय SIT का गठन किया था।
SIT ने 15 जून से मामले की जांच शुरू की थी। सरकार ने टीम को सात दिनों के भीतर प्रारंभिक जांच रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए थे।
रिपोर्ट में बताए गए कई तथ्य बेहद संवेदनशील
लखनऊ मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत ने रिपोर्ट सौंपे जाने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि जांच में कई ऐसे तथ्य सामने आए हैं जो अत्यंत संवेदनशील हैं। सुरक्षा और गोपनीयता को देखते हुए फिलहाल रिपोर्ट को सार्वजनिक नहीं किया जा सकता।
उन्होंने कहा कि शासन स्तर पर रिपोर्ट का गहन परीक्षण किया जाएगा। इसके बाद आगे की कार्रवाई और अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
चढ़ावा गणना प्रक्रिया और निगरानी व्यवस्था पर उठे सवाल
सूत्रों के मुताबिक, SIT की प्रारंभिक रिपोर्ट में मंदिर में दान राशि की गणना प्रक्रिया, निगरानी व्यवस्था और कर्मचारियों की भूमिका को लेकर कई महत्वपूर्ण टिप्पणियां की गई हैं।
जांच टीम ने यह भी देखा कि दान राशि की गणना के दौरान कहीं कोई प्रक्रिया संबंधी खामी या अनियमितता तो नहीं हुई। इसके अलावा गणना कर्मियों के चयन की प्रक्रिया और उनके ट्रस्ट से जुड़े पदाधिकारियों के साथ संभावित संबंधों की भी जांच की गई।
रिपोर्ट में अभी तक किसी भी व्यक्ति को क्लीन चिट नहीं दी गई है।
कुछ कर्मचारियों की भूमिका जांच के दायरे में
सूत्रों के अनुसार, SIT ने कुछ कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की सिफारिश की है। इसके साथ ही मंदिर की आंतरिक व्यवस्था और संचालन से जुड़े कुछ पदाधिकारियों की भूमिका की भी जांच जारी है।
रिपोर्ट में प्रशासनिक जिम्मेदारी, निगरानी तंत्र और जवाबदेही से जुड़े कई अहम बिंदुओं का जिक्र किया गया है।
विस्तृत जांच के लिए SIT ने मांगा अतिरिक्त समय
SIT ने मामले की पूरी जांच करने के लिए शासन से अतिरिक्त समय मांगा है। टीम ने आगे की जांच के लिए अतिरिक्त संसाधनों और सहयोगी अधिकारियों की आवश्यकता भी बताई है।
माना जा रहा है कि विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद इस मामले में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।
यह समाचार विभिन्न सार्वजनिक स्रोतों एवं प्राप्त जानकारी पर आधारित है।