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भारत

होर्मुज स्ट्रेट से सुरक्षित निकला LPG टैंकर ‘जग विक्रम’, भारत की गैस सप्लाई को बड़ी राहत

NTN NEWS REPORT// नई दिल्ली। मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच भारत के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। रसोई गैस (LPG) की सप्लाई को लेकर पिछले कुछ हफ्तों से बनी चिंता के बीच भारतीय ध्वज वाला गैस टैंकर ‘जग विक्रम’ सुरक्षित रूप से होर्मुज स्ट्रेट पार कर ओमान की खाड़ी में पहुंच गया है।

फाइल फोटो

केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जानकारी देते हुए बताया कि भारतीय शिपिंग ऑपरेशंस के तहत ‘जग विक्रम’ 11 अप्रैल को पर्शियन गल्फ क्षेत्र से सफलतापूर्वक बाहर निकल गया। जहाज पर 24 भारतीय क्रू मेंबर सवार हैं और सभी सुरक्षित हैं।


20 हजार टन LPG के साथ निकला मिड-साइज गैस कैरियर

‘जग विक्रम’ एक मिड-साइज गैस कैरियर है, जिसकी कुल क्षमता करीब 26,000 टन है। अनुमान के मुताबिक इसमें लगभग 20,000 टन LPG लदा हुआ है। यह खेप भारत के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि देश अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए बड़े पैमाने पर आयात पर निर्भर है।

जहाज शुक्रवार रात से शनिवार सुबह के बीच होर्मुज स्ट्रेट पार कर गया और अब पूर्व दिशा में आगे बढ़ रहा है।


क्यों अहम है होर्मुज स्ट्रेट?

होर्मुज स्ट्रेट दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में से एक है।

  • वैश्विक स्तर पर करीब 20 प्रतिशत कच्चे तेल की सप्लाई इसी रास्ते से गुजरती है।
  • बड़ी मात्रा में LPG और LNG की आपूर्ति भी इसी मार्ग से होती है।

पश्चिम एशिया में संघर्ष शुरू होने के बाद यह समुद्री मार्ग गंभीर रूप से प्रभावित हुआ था, जिससे वैश्विक ऊर्जा बाजार में उथल-पुथल मच गई थी।


भारत पर पड़ा सीधा असर

भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए काफी हद तक आयात पर निर्भर है:

  • करीब 90% कच्चा तेल आयात
  • लगभग 50% प्राकृतिक गैस आयात
  • करीब 60% LPG आयात

इनमें से बड़ी मात्रा खाड़ी देशों से आती है, जो होर्मुज स्ट्रेट से होकर गुजरती है। ऐसे में इस मार्ग के प्रभावित होने से भारत में गैस सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ गई थी।


सरकार ने उठाए थे एहतियाती कदम

सप्लाई बाधित होने की आशंका के बीच सरकार ने कई अस्थायी कदम उठाए थे—

  • होटल, रेस्टोरेंट और अन्य कमर्शियल यूजर्स के लिए LPG सप्लाई में कटौती
  • उद्योगों को गैस आपूर्ति सीमित
  • CNG और घरेलू पाइप्ड गैस को प्राथमिकता
  • उर्वरक संयंत्रों को नियंत्रित मात्रा में गैस आपूर्ति

इन उपायों का मकसद घरेलू उपभोक्ताओं को किसी भी तरह की किल्लत से बचाना था।


सीजफायर के बाद सुधरते हालात

अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्ते का सीजफायर लागू होने के बाद होर्मुज स्ट्रेट को आंशिक रूप से जहाजों के लिए खोल दिया गया है। ‘जग विक्रम’ मार्च की शुरुआत के बाद पर्शियन गल्फ से बाहर निकलने वाला नौवां भारतीय जहाज है।

हालांकि अभी भी करीब 15 भारतीय जहाज इस क्षेत्र में मौजूद हैं और सुरक्षित अवसर का इंतजार कर रहे हैं। इसके अलावा लगभग 400 से अधिक विदेशी टैंकर और दर्जनों LPG-LNG जहाज भी अब तक प्रभावित रहे हैं।


वैकल्पिक इंतजाम से मिला सहारा

सरकार ने वैकल्पिक स्रोतों से गैस आपूर्ति की व्यवस्था भी की है, जिससे दबाव कम हुआ है।

  • उर्वरक उद्योगों को अब पहले से अधिक गैस मिलने लगी है।
  • अन्य उद्योगों के लिए भी धीरे-धीरे सप्लाई बहाल की जा रही है।
  • शहर गैस वितरण कंपनियों को कमर्शियल संस्थानों को पाइप्ड गैस कनेक्शन देने पर जोर देने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि LPG पर निर्भरता कम हो।

आम लोगों के लिए राहत का संकेत

‘जग विक्रम’ का सुरक्षित बाहर निकलना इस बात का संकेत है कि हालात धीरे-धीरे सामान्य हो रहे हैं। यदि आने वाले दिनों में और जहाज सुरक्षित रूप से बाहर निकलते हैं, तो देश में LPG सप्लाई पूरी तरह स्थिर हो सकती है।

फिलहाल इस घटनाक्रम ने करोड़ों उपभोक्ताओं को यह भरोसा जरूर दिलाया है कि रसोई गैस की संभावित किल्लत का खतरा टलता नजर आ रहा है।

Nilesh Tiwari

Editor- NTN Report 📱+91 93298 23355 📧 tnilesh2711@gmail.com
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