वृंदावन-मांट नाव हादसा: मृतकों की संख्या 11, चार अब भी लापता
16 से अधिक टीमें सर्च ऑपरेशन में जुटीं, 800 मीटर दूर मिला 11वां शव
NTN NEWS REPORT// मथुरा। वृंदावन और मांट के बीच शुक्रवार को हुए दर्दनाक नाव हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 11 हो गई है। हादसे के बाद से चल रहे सघन सर्च ऑपरेशन के दौरान घटनास्थल से करीब 800 मीटर दूर एक और शव बरामद किया गया। पुलिस के अनुसार 11वें मृतक की पहचान मानिक टंडन के रूप में हुई है। अभी भी चार लोग लापता हैं, जिनकी तलाश लगातार जारी है।

प्राप्त जानकारी अनुसार एसपी देहात सुरेश चंद रावत ने बताया कि शुक्रवार दोपहर करीब 3 बजे वृंदावन और मांट के बीच पॉन्टून पुल के पास नाव अचानक पलट गई थी। हादसे के बाद प्रशासन और राहत एजेंसियों ने तुरंत बचाव कार्य शुरू कर दिया था।
लगातार जारी है रेस्क्यू ऑपरेशन
घटना के बाद से नदी और आसपास के क्षेत्रों में व्यापक तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। प्रशासन ने बताया कि लापता लोगों की खोज में कोई कमी नहीं छोड़ी जा रही है।
राहत और बचाव कार्य में —
- राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की 8 टीमें
- राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) की 5 टीमें
- पीएसी की 3 फ्लोटिंग यूनिट
- 6 निजी गोताखोर
लगातार सर्च ऑपरेशन में जुटे हुए हैं। शुक्रवार रात से ही यह अभियान निरंतर चल रहा है। शवों का पंचायतनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया जा रहा है और आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
वृंदावन नाव हादसा लापरवाही का नतीजा: डिंपल यादव
समाजवादी पार्टी की सांसद डिम्पल यादव शनिवार को वृंदावन पहुंचीं। यहां उन्होंने विश्व प्रसिद्ध ठाकुर बाँके बिहारी मन्दिर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। मंदिर में सेवायतों के सानिध्य में उन्होंने श्रद्धापूर्वक दर्शन किए। गोस्वामी समाज ने माला, प्रसादी और अंग वस्त्र भेंट कर उनका स्वागत किया।
सांसद के आगमन को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे। मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की उपस्थिति के बीच धार्मिक वातावरण बना रहा।
दर्शन के बाद मीडिया से बातचीत में डिंपल यादव ने यमुना नदी में हुए नाव हादसे पर गहरा दुख जताया। उन्होंने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि श्रद्धालु बड़ी आस्था के साथ वृंदावन आते हैं, ऐसे में इस तरह की घटना बेहद पीड़ादायक है।
उन्होंने हादसे के लिए व्यवस्थाओं में चूक और नावों की ओवरलोडिंग को जिम्मेदार ठहराया। उनका कहना था कि यदि ओवरलोडिंग पर नियंत्रण नहीं किया गया तो भविष्य में भी ऐसे हादसे हो सकते हैं। उन्होंने सरकार से अपील की कि ऐसी लापरवाही दोबारा न हो, यह सुनिश्चित किया जाए।
हालांकि मंदिर में दर्शन व्यवस्था को लेकर उन्होंने संतोष जताया और हाई पावर्ड कमेटी के प्रयासों को सराहनीय बताया।
प्रशासन का कहना है कि जब तक सभी लापता लोगों का पता नहीं चल जाता, तब तक सर्च अभियान जारी रहेगा। पूरे क्षेत्र में सुरक्षा और निगरानी बढ़ा दी गई है।