फोन में पड़े पुराने ऐप्स बन सकते हैं साइबर खतरा, एक्सपर्ट्स ने दी नियमित सफाई की सलाह
NTN REPORT// नई दिल्ली। अगर आपके स्मार्टफोन में ऐसे कई ऐप्स मौजूद हैं जिन्हें आपने महीनों से खोला तक नहीं है, तो उन्हें हटाने का समय आ गया है। साइबर सिक्योरिटी विशेषज्ञों का कहना है कि फोन में बेकार पड़े ऐप्स सिर्फ स्टोरेज ही नहीं घेरते, बल्कि आपकी निजी जानकारी और डिजिटल सुरक्षा के लिए भी खतरा पैदा कर सकते हैं।

आजकल लोग जरूरत के हिसाब से कई ऐप डाउनलोड कर लेते हैं। कोई ऐप किसी खास काम के लिए एक बार इस्तेमाल किया जाता है और बाद में उसे हटाना भूल जाते हैं। ऐसे ऐप फोन में पड़े रहते हैं और कई बार बैकग्राउंड में सक्रिय रहकर डेटा, इंटरनेट और सिस्टम संसाधनों का इस्तेमाल करते रहते हैं।
पुराने ऐप्स से प्राइवेसी को हो सकता है खतरा
कई ऐप्स इंस्टॉल करते समय यूजर से कैमरा, माइक्रोफोन, लोकेशन, कॉन्टैक्ट्स, फोटो और फाइलों जैसी परमिशन ले लेते हैं। अगर कोई ऐसा ऐप लंबे समय तक फोन में मौजूद रहता है और उसमें सुरक्षा से जुड़ी कोई कमी सामने आती है, तो आपकी निजी जानकारी लीक होने का खतरा बढ़ सकता है।
साइबर सिक्योरिटी विशेषज्ञों का कहना है कि समय-समय पर फोन में मौजूद ऐप्स की समीक्षा करनी चाहिए। जिन ऐप्स की जरूरत नहीं है, उन्हें हटाना डिजिटल सुरक्षा के लिए बेहतर कदम माना जाता है।
बैकग्राउंड में चलते रहते हैं कई ऐप्स
कई यूजर्स को लगता है कि ऐप नहीं खोलने से वह काम नहीं कर रहा होगा, लेकिन ऐसा हमेशा नहीं होता। कई ऐप्स बैकग्राउंड में इंटरनेट इस्तेमाल करते रहते हैं, नोटिफिकेशन भेजते हैं और अपने अपडेट डाउनलोड करते रहते हैं।
इसका असर फोन की परफॉर्मेंस पर पड़ सकता है। ऐसे ऐप्स से:
- बैटरी जल्दी खत्म हो सकती है
- मोबाइल डेटा ज्यादा खर्च हो सकता है
- फोन धीमा महसूस हो सकता है
- स्टोरेज जल्दी भर सकती है
ऐप्स यूजर डेटा भी कर सकते हैं कलेक्ट
सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, कई ऐप्स यूजर की लोकेशन, इस्तेमाल का तरीका और अन्य जानकारी लगातार इकट्ठा करते रहते हैं। भले ही यूजर ने लंबे समय से ऐप नहीं खोला हो, लेकिन अगर उसे जरूरी परमिशन मिली हुई है तो वह कुछ डेटा एक्सेस कर सकता है।
ऐसे में जिन ऐप्स की जरूरत खत्म हो चुकी है, उन्हें फोन से हटाना और उनकी परमिशन रिव्यू करना जरूरी है।
सिर्फ ऐप हटाना नहीं, अकाउंट बंद करना भी जरूरी
अगर किसी ऐप में आपने अपना अकाउंट बनाया हुआ है और अब उसकी जरूरत नहीं है, तो केवल ऐप अनइंस्टॉल करना काफी नहीं होता।
सुरक्षित तरीका यह है कि:
- पहले ऐप में जाकर लॉगआउट करें
- जरूरत खत्म होने पर अकाउंट डिलीट करें
- इसके बाद ऐप को फोन से हटाएं
इससे आपकी जानकारी उस कंपनी के सर्वर पर लंबे समय तक सुरक्षित रहने के जोखिम को कम किया जा सकता है।
पुराने ऐप हटाने से खाली होगी स्टोरेज
आजकल कई ऐप्स का साइज कई सौ MB से लेकर 1GB या उससे ज्यादा तक हो सकता है। पुराने ऐप हटाने से फोन में जगह खाली होती है और नई फोटो, वीडियो व जरूरी फाइलों के लिए स्टोरेज मिलती है।
अगर किसी ऐप की भविष्य में जरूरत पड़ सकती है, तो यूजर्स iPhone में Offload App और Android में App Archiving जैसे फीचर्स का इस्तेमाल कर सकते हैं। इससे ऐप हट जाता है लेकिन उसका जरूरी डेटा सुरक्षित रहता है।
हर तीन महीने में करें ऐप्स की जांच
साइबर सिक्योरिटी विशेषज्ञों की सलाह है कि हर तीन महीने में एक बार फोन की ऐप लिस्ट जरूर चेक करनी चाहिए।
जो ऐप्स पिछले कई महीनों से इस्तेमाल नहीं हुए हैं और जिनकी अब जरूरत नहीं है, उन्हें हटाना बेहतर है। इससे फोन की स्पीड, बैटरी और सिक्योरिटी तीनों बेहतर रह सकती हैं।
यह समाचार विभिन्न सार्वजनिक स्रोतों एवं प्राप्त जानकारी पर आधारित है।