फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों को पत्नी के थप्पड़ मामले ने फिर पकड़ा तूल, ईरानी अभिनेत्री से जुड़े दावों पर मचा बवाल!
NTN REPORT// फ्रांस के राष्ट्रपति Emmanuel Macron और उनकी पत्नी Brigitte Macron से जुड़ा एक पुराना विवाद एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। पिछले साल विदेश दौरे के दौरान विमान से उतरते समय ब्रिगेट मैक्रों द्वारा राष्ट्रपति मैक्रों को थप्पड़ मारने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था। अब उसी घटना को लेकर नए दावे सामने आए हैं, जिनकी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा हो रही है।

वायरल वीडियो के पीछे बताई जा रही नई वजह
फ्रांसीसी पत्रकार फ्लोरियन टार्डिफ ने अपनी नई किताब में दावा किया है कि यह घटना महज मजाक नहीं थी, बल्कि इसके पीछे एक कथित निजी विवाद था। टार्डिफ के अनुसार, ब्रिगेट मैक्रों को राष्ट्रपति मैक्रों के मोबाइल फोन में ईरानी मूल की अभिनेत्री Golshifteh Farahani का एक आपत्तिजनक संदेश मिला था, जिसके बाद यह विवाद हुआ।
पत्रकार ने आरटीएल फ्रांस को दिए इंटरव्यू में कहा कि वायरल वीडियो के पीछे की असली वजह यही मैसेज था। दावा किया गया कि यह घटना उस समय हुई जब फ्रांस के राष्ट्रपति और उनकी पत्नी वियतनाम की राजधानी हनोई में विमान से उतरने की तैयारी कर रहे थे।
अभिनेत्री के साथ संबंधों के दावे भी चर्चा में
फ्रांसीसी मीडिया रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया कि गोल्शिफ्तेह फराहानी और राष्ट्रपति मैक्रों के बीच कई महीनों तक करीबी संबंध रहे थे। हालांकि इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
फराहानी, जो ईरान सरकार की मुखर आलोचक मानी जाती हैं, पहले भी कई अंतरराष्ट्रीय मुद्दों को लेकर चर्चा में रह चुकी हैं। सोशल मीडिया पर वायरल पोस्टों में भी इन्हीं दावों को लेकर बहस तेज हो गई है।
ब्रिगेट मैक्रों और अभिनेत्री दोनों ने किया खंडन
फ्रांस की प्रथम महिला के प्रतिनिधियों ने इन आरोपों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। उनका कहना है कि ब्रिगेट मैक्रों कभी भी अपने पति का मोबाइल फोन चेक नहीं करती हैं और थप्पड़ वाली घटना का किसी अभिनेत्री से कोई संबंध नहीं था।
बताया गया कि 5 मार्च को ब्रिगेट मैक्रों ने लेखक से सीधे बातचीत में भी इन दावों का स्पष्ट खंडन किया था।
वहीं अभिनेत्री गोल्शिफ्तेह फराहानी ने भी राष्ट्रपति मैक्रों के साथ किसी भी प्रकार के संबंधों की अफवाहों को पहले ही निराधार बताया था।
पहले AI वीडियो बताने की कोशिश भी हुई थी
जब पिछले साल यह वीडियो वायरल हुआ था, तब राष्ट्रपति मैक्रों की टीम ने शुरुआती दौर में इसे एआई से तैयार किया गया वीडियो बताया था। हालांकि बाद में सफाई देते हुए कहा गया कि यह दंपति के बीच हल्के-फुल्के मजाक का हिस्सा था।
इसके बावजूद सोशल मीडिया पर इस घटना को लेकर लगातार अलग-अलग तरह के दावे और चर्चाएं होती रही हैं।
सोशल मीडिया पर फिर तेज हुई बहस
वायरल थप्पड़ कांड को एक साल से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन नए दावों के सामने आने के बाद यह मामला फिर अंतरराष्ट्रीय मीडिया और सोशल मीडिया में चर्चा का विषय बन गया है। लोग अब इस घटना को राजनीतिक से ज्यादा निजी विवाद के नजरिए से देख रहे हैं।
हालांकि अब तक इन दावों की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और पूरा मामला दावों तथा मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित माना जा रहा है। डिस्क्लेमर: यह समाचार विभिन्न सार्वजनिक स्रोतों एवं प्राप्त जानकारी पर आधारित है।