
अक्षय तृतीया 2026: दुर्लभ संयोगों का महासंगम, मालव्य राजयोग और गजकेसरी योग से इन राशियों की चमकेगी किस्मत
NTN NEWS REPORT// वैशाख शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाई जाने वाली अक्षय तृतीया इस वर्ष बेहद खास मानी जा रही है। ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार इस दिन कई दुर्लभ और शुभ संयोग बन रहे हैं, जो इसे और भी फलदायी बना रहे हैं। मान्यता है कि इस तिथि पर किए गए शुभ कार्यों का फल कभी क्षय नहीं होता, इसलिए इसे अत्यंत मंगलकारी दिन माना जाता है।

दुर्लभ ग्रह संयोगों से बनेगा विशेष योग
ज्योतिषियों के अनुसार इस बार अक्षय तृतीया पर:
- शुक्र का वृषभ राशि में प्रवेश होगा, जिससे मालव्य राजयोग का निर्माण होगा।
- चंद्रमा अपनी उच्च राशि वृषभ में विराजमान रहेंगे।
- गजकेसरी योग का भी निर्माण हो रहा है।
धार्मिक मान्यता के अनुसार इस दिन सूर्य और चंद्रमा दोनों अपनी-अपनी उच्च राशियों में रहते हैं। इनकी संयुक्त कृपा से इस तिथि का पुण्य फल “अक्षय” यानी कभी न समाप्त होने वाला माना जाता है।
धार्मिक महत्व: अवतार और परंपराएं
मान्यता है कि अक्षय तृतीया के दिन:
- भगवान परशुराम का अवतार हुआ था।
- नर-नारायण और हयग्रीव अवतार का प्राकट्य हुआ।
- बद्रीनाथ धाम के कपाट इसी दिन खुलते हैं।
- वृंदावन में बांके बिहारी के चरणों के विशेष दर्शन होते हैं।
इस दिन सोना, चांदी, भूमि, वाहन और अन्य मूल्यवान वस्तुएं खरीदना अत्यंत शुभ माना जाता है।
इन राशियों के लिए विशेष फलदायी रहेगा समय
मेष राशि: करियर में मिल सकता है बड़ा अवसर
अक्षय तृतीया मेष राशि के जातकों के लिए करियर में सकारात्मक बदलाव लेकर आ सकती है। जो लोग लंबे समय से नौकरी परिवर्तन या प्रमोशन का इंतजार कर रहे हैं, उन्हें सफलता मिल सकती है। किसी बड़े प्रोजेक्ट या डील के मिलने के संकेत हैं, जिससे आगे बढ़ने के नए रास्ते खुलेंगे।
सिंह राशि: सम्मान और आर्थिक मजबूती के योग
सिंह राशि वालों के लिए यह समय प्रतिष्ठा और पहचान बढ़ाने वाला रहेगा। नेतृत्व क्षमता की सराहना हो सकती है। निवेश से लाभ के योग बन रहे हैं। परिवार में चल रहे पुराने विवाद, विशेषकर संपत्ति से जुड़े मामले सुलझ सकते हैं, जिससे आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।
वृश्चिक राशि: रुका धन मिलने और नए कार्य की शुरुआत का समय
वृश्चिक राशि के जातकों के जीवन में स्थिरता और संतुलन आएगा। लंबे समय से अटका हुआ पैसा वापस मिलने की संभावना है। नया व्यवसाय या स्टार्टअप शुरू करने के लिए समय अनुकूल है। किस्मत का साथ मिलने से रुके हुए कार्य पूरे हो सकते हैं।
धनु राशि: घर-वाहन के योग, आय के नए स्रोत
धनु राशि वालों के लिए यह समय सुविधाओं में वृद्धि का संकेत दे रहा है। घर या वाहन खरीदने का सपना साकार हो सकता है। कार्यक्षेत्र में वरिष्ठ अधिकारियों का सहयोग मिलेगा। आय के नए स्रोत खुल सकते हैं, जिससे आर्थिक स्थिति में सुधार होगा।
क्यों खास है अक्षय तृतीया?
‘अक्षय’ का अर्थ है— जिसका कभी क्षय न हो। मान्यता है कि इस तिथि पर किए गए जप, तप, दान और खरीदारी का शुभ फल जीवनभर बना रहता है। यही कारण है कि इसे अबूझ मुहूर्त भी कहा जाता है, जिसमें बिना पंचांग देखे भी शुभ कार्य किए जा सकते हैं।
(नोट: यह जानकारी ज्योतिषीय मान्यताओं पर आधारित है। किसी भी निर्णय से पहले विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें।)