छत्तीसगढ़ सरकार का बड़ा फैसला: 35 आवासीय कॉलोनियां स्थानीय निकायों को हस्तांतरित, अब हसदेव विहार हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी जांजगीर की बदलेगी तस्वीर
लगभग चार वर्षों के लंबे इंतजार के बाद हसदेव विहार कॉलोनीवासियों के लिए राहत भरी खबर, रखरखाव शुरू होने से मूलभूत सुविधाओं में होगा सुधार
NTN REPORT// जांजगीर। छत्तीसगढ़ शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा जारी आदेश के बाद राज्य की 35 आवासीय कॉलोनियों के साथ हसदेव विहार हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी, जांजगीर के निवासियों के लिए भी बड़ी राहत की उम्मीद जगी है। शासन ने छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल एवं रायपुर विकास प्राधिकरण द्वारा निर्मित एवं पूर्ण आवासीय कॉलोनियों को संबंधित स्थानीय निकायों को “As-Is-Where-Is” आधार पर हस्तांतरित करने के आदेश जारी कर दिए हैं। इसके साथ ही अब इन कॉलोनियों के रखरखाव एवं संचालन की जिम्मेदारी संबंधित नगर निकायों को सौंपी जाएगी।
नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा 16 मार्च 2026 को जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि गृह निर्माण मंडल एवं स्थानीय निकायों की संयुक्त टीम पहले कॉलोनियों की वर्तमान स्थिति का सत्यापन करेगी। सड़क, नाली, विद्युत व्यवस्था तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं का आकलन करने के बाद नियमानुसार कॉलोनियों का हस्तांतरण किया जाएगा। इसके उपरांत संबंधित नगर निगम, नगर पालिका एवं नगर पंचायतें इन कॉलोनियों का नियमित रखरखाव सुनिश्चित करेंगी।

चार वर्षों बाद हसदेव विहार कॉलोनी को मिलेगी नई पहचान
हसदेव विहार हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी, जांजगीर के रहवासी लंबे समय से सड़क, नाली, साफ-सफाई, स्ट्रीट लाइट सहित विभिन्न मूलभूत सुविधाओं के अभाव और रखरखाव की समस्या से जूझ रहे हैं। लगभग चार वर्षों से कॉलोनी के समुचित रखरखाव नहीं होने के कारण यहां की स्थिति लगातार बदहाल होती चली गई थी।

अब शासन के आदेश के बाद यह उम्मीद बढ़ गई है कि नगर पालिका द्वारा कॉलोनी का नियमित रखरखाव प्रारंभ किया जाएगा, जिससे वर्षों से चली आ रही समस्याओं का समाधान होगा और कॉलोनी की जर्जर एवं उपेक्षित स्थिति से निवासियों को राहत मिलेगी।
मार्च 2026 में ही प्रस्ताव को मिल चुकी थी मंजूरी
उल्लेखनीय है कि मार्च 2026 में ही छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा कॉलोनियों के हस्तांतरण का प्रस्ताव स्वीकृत कर दिया गया था, लेकिन प्रशासनिक प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद अब औपचारिक आदेश जारी होने से हस्तांतरण की कार्रवाई का रास्ता साफ हो गया है। आदेश लागू होने के बाद संबंधित नगर पालिका द्वारा रखरखाव एवं नागरिक सुविधाओं के संचालन की जिम्मेदारी संभाली जाएगी।
कॉलोनीवासियों के लिए बड़ी राहत
स्थानीय नागरिकों का मानना है कि यह निर्णय हसदेव विहार हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के लिए वर्षों की सबसे बड़ी राहत साबित हो सकता है। नगर पालिका द्वारा नियमित साफ-सफाई, नालियों की मरम्मत, सड़क सुधार, स्ट्रीट लाइट व्यवस्था तथा अन्य नागरिक सुविधाओं पर कार्य शुरू होने की उम्मीद है। इससे कॉलोनी के हजारों रहवासियों को सीधे लाभ मिलेगा और लंबे समय से चली आ रही परेशानियों का अंत होने की संभावना है।
क्या कहता है शासन का आदेश
शासन के आदेश के अनुसार 35 आवासीय कॉलोनियों के खुले भू-खण्ड, उद्यान एवं अन्य सार्वजनिक सुविधाएं संबंधित स्थानीय निकायों को हस्तांतरित की जाएंगी। हालांकि आवासीय, वाणिज्यिक एवं अर्द्धसार्वजनिक श्रेणी की बिक्री योग्य परिसंपत्तियां इस हस्तांतरण के दायरे में शामिल नहीं होंगी। हस्तांतरण के बाद संबंधित निकायों को नियमानुसार कॉलोनियों का संचालन एवं रखरखाव सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
यह समाचार विभिन्न सार्वजनिक स्रोतों एवं प्राप्त जानकारी पर आधारित है।