
6 महीने के सैमोयड के लिए हर माह 1.6 लाख रुपये! शंघाई की युवती का ‘लक्जरी डॉग किंडरगार्टन’ फैसला बना चर्चा का विषय
NTN REPORT// शंघाई। चीन से एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने लोगों को हैरान कर दिया है। टाओटाओ नाम की एक युवती अपने 6 महीने के सैमोयड कुत्ते की परवरिश को लेकर सुर्खियों में हैं। वह अपने पालतू डॉगी को एक लग्जरी डॉग किंडरगार्टन भेज रही हैं, जिस पर हर महीने करीब 12 हजार युआन (लगभग 1.6 लाख रुपये) खर्च हो रहे हैं।
क्यों लिया यह फैसला?
शंघाई में रहने वाली टाओटाओ का कहना है कि वह नौकरी में काफी व्यस्त रहती हैं और अपने पालतू को पर्याप्त समय नहीं दे पातीं। इसी वजह से उन्होंने यह कदम उठाया। उनके मुताबिक, यह महज एक खर्च नहीं बल्कि अपने डॉगी की बेहतर देखभाल के लिए जरूरी निवेश है।
कैसा है यह डॉग किंडरगार्टन?
सोशल मीडिया से प्राप्त जानकारी अनुसार , यह कोई सामान्य डे-केयर सेंटर नहीं बल्कि एक प्रीमियम सुविधा है। यहां कुत्तों की देखभाल बेहद प्रोफेशनल तरीके से की जाती है।
- कुत्तों का पर्सनैलिटी और टेम्परामेंट टेस्ट किया जाता है।
- बिहेवियर ट्रेनिंग दी जाती है, जिससे भौंकने या आक्रामकता जैसी आदतों को नियंत्रित किया जा सके।
- अन्य कुत्तों के साथ खेलने और घुलने-मिलने का मौका मिलता है, जिससे उनका सामाजिक व्यवहार बेहतर होता है।
- डेली बोर्डिंग के साथ पिकअप और ड्रॉप सुविधा उपलब्ध है।
- मालिक और पालतू के रिश्ते को मजबूत करने के लिए विशेष इंटरैक्शन क्लास भी आयोजित की जाती हैं।
हालांकि, खाने-पीने का खर्च इस पैकेज में शामिल नहीं है।
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
जैसे ही यह खबर सामने आई, सोशल मीडिया पर लोगों की प्रतिक्रियाएं आने लगीं। कुछ लोगों ने सवाल उठाया कि क्या एक कुत्ते पर हर महीने इतना बड़ा खर्च करना वाकई जरूरी है?
वहीं कई लोगों ने टाओटाओ के फैसले का समर्थन करते हुए कहा कि अगर पालतू जानवर को परिवार का हिस्सा माना जाता है, तो उसकी देखभाल पर खर्च करना गलत नहीं है।
बदलती सोच की झलक
यह मामला अब सिर्फ एक डॉगी तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह बदलती सामाजिक सोच को भी दर्शाता है। आज के दौर में पालतू जानवरों को लेकर लोगों का नजरिया तेजी से बदल रहा है। शहरी जीवनशैली और व्यस्त दिनचर्या के बीच लोग अपने पालतू की देखभाल के लिए नए और आधुनिक विकल्प अपना रहे हैं।
यही वजह है कि यह खबर तेजी से वायरल हो रही है और कई लोग इस डॉगी की जीवनशैली की तुलना आम इंसानों की जिंदगी से कर रहे हैं।
