
नारी वंदन अधिनियम के समर्थन में भाजपा की आक्रोश रैली, विपक्ष पर महिलाओं के अपमान का आरोप
NTN REPORT// जांजगीर-चांपा। नारी वंदन अधिनियम बिल को लेकर देशभर में जारी सियासी घमासान के बीच जिले में भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने जोरदार आक्रोश रैली निकालकर विपक्ष के खिलाफ प्रदर्शन किया। यह रैली नेताजी चौक से शुरू होकर कचहरी चौक तक पहुंची, जहां इसका समापन धरना-प्रदर्शन के साथ हुआ।
रैली में बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता शामिल हुए, जिन्होंने विपक्ष के खिलाफ नारेबाजी करते हुए नारी वंदन अधिनियम के समर्थन में आवाज बुलंद की। कार्यक्रम स्थल कचहरी चौक में सभा आयोजित कर नेताओं ने अपने विचार रखे।
सांसद कमलेश जांगड़े का विपक्ष पर हमला
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद सांसद कमलेश जांगड़े ने कहा कि नारी वंदन अधिनियम बिल को सदन में विपक्ष द्वारा गिराया जाना महिलाओं के सम्मान के खिलाफ है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष ने इस बिल का विरोध कर देश की महिलाओं की भावनाओं को ठेस पहुंचाई है।
सांसद ने इस अधिनियम को महिलाओं के राजनीतिक सशक्तिकरण की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताते हुए कहा कि इससे महिलाओं को संसद और विधानसभा में उचित प्रतिनिधित्व मिलेगा। उन्होंने यह भी कहा कि यह बिल दशकों से लंबित था, जिसे कांग्रेस ने जानबूझकर रोके रखा।
चुनाव में भुगतना पड़ेगा खामियाजा
कमलेश जांगड़े ने कहा कि देश की महिलाओं में इस मुद्दे को लेकर गुस्सा और आक्रोश है, जिसका असर आने वाले लोकसभा और विधानसभा चुनावों में देखने को मिलेगा। उन्होंने दावा किया कि विपक्ष को इसका राजनीतिक नुकसान उठाना पड़ेगा।
कई नेताओं ने किया संबोधन
कार्यक्रम का संचालन भाजपा जिला महामंत्री नंद चौधरी ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन जिलाध्यक्ष अम्बेश जांगड़े ने किया। धरना-प्रदर्शन के दौरान गुलाब सिंह चंदेल, नंदनी राजवाड़े, रजनी सत्तू साहू, संगीता पाण्डेय, डॉ. धनेश्वरी जागृति, सलीम मेमन और प्रदीप शरफ सहित कई नेताओं ने भी सभा को संबोधित किया।
बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की मौजूदगी
इस दौरान संगीता पाण्डेय, रेखा गढ़वाल, प्रियंका सिंह, शारदा देवांगन, मनीषा गोपाल, प्रतिमा डहरे, पूजा राठौर, मेघा यादव, चुन्नी लाल साहू, रवि पाण्डेय, आशु गोस्वामी, लक्ष्मी देवांगन, समीर शुक्ला, धनंजय सिंह, पुष्पेंद्र सिंह, राकेश रूपवानी, अनिल शर्मा, हितेश यादव, मोहन यादव सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।