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भारत

होर्मुज संकट के बीच भारत का बड़ा ऑपरेशन: 13 भारतीय जहाजों को सुरक्षित निकालने की तैयारी, ईरान में भारतीयों के लिए एडवाइजरी जारी

होर्मुज स्ट्रेट में बढ़ते तनाव के बीच केंद्र सरकार अलर्ट

NTN REPORT// होर्मुज स्ट्रेट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और समुद्री सुरक्षा चिंताओं के बीच भारत सरकार ने एक उच्च प्राथमिकता वाला विशेष ऑपरेशन शुरू किया है। इस अभियान का उद्देश्य होर्मुज स्ट्रेट क्षेत्र में मौजूद भारतीय झंडे वाले 13 वाणिज्यिक जहाजों को सुरक्षित बाहर निकालना और भारतीय नाविकों एवं व्यावसायिक हितों की रक्षा सुनिश्चित करना है।

प्रतीकात्मक AI तस्वीर

सरकार का यह कदम कई मंत्रालयों के समन्वय से चलाए जा रहे व्यापक सुरक्षा अभियान का हिस्सा है, जिसके तहत समुद्री मार्गों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।

ईरान जाने से बचें, भारतीयों से देश छोड़ने की अपील

विदेश मंत्रालय ने मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए भारतीय नागरिकों को ईरान की यात्रा से बचने की सलाह दी है। मंत्रालय ने ईरान में मौजूद भारतीयों से भारतीय मिशन के संपर्क में रहकर सुरक्षित तरीके से देश छोड़ने का आग्रह किया है।

विदेश मंत्रालय के अनुसार, भारतीय दूतावास और मिशन स्थानीय प्रशासन, व्यावसायिक संगठनों तथा भारतीय समुदाय के साथ लगातार संपर्क बनाए हुए हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति में भारतीयों को सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

होर्मुज क्षेत्र में मौजूद हैं भारत के 13 जहाज

पोर्ट्स, शिपिंग और जलमार्ग मंत्रालय में निदेशक ओपेश कुमार शर्मा ने बताया कि सरकार ने होर्मुज स्ट्रेट से गुजर रहे भारतीय जहाजों की सुरक्षा के लिए विस्तृत योजना तैयार की है।

उन्होंने बताया कि वर्तमान में भारतीय ध्वज वाले कुल 13 जहाज इस क्षेत्र में मौजूद हैं, जिनमें शामिल हैं—

  • 1 एलपीजी टैंकर
  • 5 कच्चे तेल (क्रूड ऑयल) के टैंकर
  • 1 केमिकल/प्रोडक्ट टैंकर
  • 3 कंटेनर जहाज
  • 2 बल्क कैरियर
  • 1 ड्रेजर

सरकार की प्राथमिकता इन सभी जहाजों और उनमें सवार नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

‘निसोस केरोस’ टैंकर ने सुरक्षित पार किया होर्मुज स्ट्रेट

अधिकारियों के अनुसार, मार्शल आइलैंड्स के ध्वज वाला कच्चे तेल का टैंकर ‘निसोस केरोस’ 25 और 26 मई की रात सुरक्षित रूप से होर्मुज स्ट्रेट पार कर चुका है।

यह जहाज लगभग 2.7 लाख मीट्रिक टन कच्चा तेल लेकर भारत आ रहा है और इसके 3 जून 2026 को विशाखापत्तनम पहुंचने की संभावना है। अधिकारियों ने बताया कि जहाज पर सभी चालक दल के सदस्य विदेशी नागरिक हैं।

सभी भारतीय नाविक सुरक्षित

सरकार ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में मौजूद भारतीय और विदेशी ध्वज वाले जहाजों पर कार्यरत सभी भारतीय नाविक सुरक्षित हैं। अब तक किसी भी भारतीय नाविक के साथ किसी प्रकार की अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली है।

मंत्रालय लगातार जहाजों की गतिविधियों और समुद्री हालात पर नजर बनाए हुए है।

कंट्रोल सेंटर को मिले हजारों कॉल और ईमेल

शिपिंग महानिदेशालय (डीजी शिपिंग) द्वारा स्थापित इमरजेंसी कंट्रोल सेंटर लगातार सक्रिय है। संकट शुरू होने के बाद से अब तक—

  • 10,800 से अधिक फोन कॉल प्राप्त हुए
  • 24,000 से ज्यादा ईमेल मिले
  • पिछले 96 घंटों में 500 कॉल और 1,332 ईमेल प्राप्त हुए

ये संपर्क मुख्य रूप से नाविकों, उनके परिवारों और समुद्री क्षेत्र से जुड़े लोगों द्वारा किए गए हैं।

3,400 से अधिक भारतीय नाविकों की वापसी में मदद

सरकार ने अब तक खाड़ी क्षेत्र के विभिन्न हिस्सों से 3,422 से अधिक भारतीय नाविकों की सुरक्षित वापसी में सहायता प्रदान की है।

इनमें पिछले 96 घंटों के दौरान वापस लाए गए 47 भारतीय नाविक भी शामिल हैं। अधिकारियों का कहना है कि जरूरत पड़ने पर यह अभियान और तेज किया जाएगा।

भारत के बंदरगाहों पर सामान्य स्थिति

पोर्ट्स, शिपिंग और जलमार्ग मंत्रालय ने कहा है कि देश के सभी प्रमुख बंदरगाह सामान्य रूप से काम कर रहे हैं। कहीं भी भीड़भाड़ या संचालन में बाधा जैसी स्थिति नहीं है और आयात-निर्यात गतिविधियां नियमित रूप से जारी हैं।

भारतीय मिशन लगातार कर रहे समन्वय

विदेश मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव (गल्फ) असीम आर. महाजन ने बताया कि खाड़ी क्षेत्र में स्थित भारतीय मिशन स्थानीय प्रशासन, व्यवसायिक संगठनों और भारतीय समुदाय के साथ लगातार संपर्क में हैं। उनका मुख्य उद्देश्य संकट से प्रभावित भारतीय नागरिकों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराना और उनकी सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करना है।

होर्मुज स्ट्रेट में बढ़ते तनाव के बीच भारत सरकार ने समुद्री सुरक्षा और भारतीय नागरिकों की रक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। 13 भारतीय जहाजों की सुरक्षित निकासी, हजारों नाविकों की सहायता और ईरान में मौजूद भारतीयों के लिए जारी एडवाइजरी इस बात का संकेत है कि सरकार संभावित संकट से निपटने के लिए पूरी तरह सतर्क और सक्रिय है।

यह समाचार विभिन्न सार्वजनिक स्रोतों एवं प्राप्त जानकारी पर आधारित है।

Nilesh Tiwari

Editor- NTN Report 📱+91 93298 23355 📧 tnilesh2711@gmail.com
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