
होर्मुज स्ट्रेट फिर बंद: ईरान-अमेरिका तनाव चरम पर, भारतीय जहाज पर गोलीबारी
NTN REPORT// तेहरान/वॉशिंगटन/नई दिल्ली। मध्य-पूर्व में जारी तनाव के बीच ईरान ने सामरिक रूप से बेहद अहम होर्मुज स्ट्रेट पर दोबारा पूर्ण नियंत्रण स्थापित करते हुए इसे बंद करने का ऐलान कर दिया है। यह कदम ऐसे समय उठाया गया है जब अमेरिका की ओर से ईरान पर नाकाबंदी जारी रखने की बात दोहराई गई और परमाणु कार्यक्रम को लेकर समझौते का दबाव बनाया गया।

अमेरिका से वार्ता पर ईरान का खंडन
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने दावा किया कि ईरान के साथ बातचीत जारी है, लेकिन तेहरान “ब्लैकमेल” नहीं कर सकता। वहीं, ईरान के उप विदेश मंत्री सईद ने स्पष्ट किया कि अगली सीधी वार्ता के लिए अभी कोई तारीख तय नहीं हुई है।
उन्होंने कहा कि किसी भी अगली बैठक से पहले बातचीत के फ्रेमवर्क पर सहमति बनना जरूरी है। उनके अनुसार, “जब तक ढांचे पर सहमति नहीं बनती, तब तक तारीख तय नहीं की जा सकती। प्रगति हुई थी, लेकिन दूसरे पक्ष के ‘मैक्सिमलिस्ट’ रुख ने समझौते को रोक दिया।”
सूत्रों के अनुसार सोमवार को पाकिस्तान में संभावित वार्ता की अटकलें थीं, हालांकि ईरान ने इसे खारिज कर दिया है।
28 फरवरी के हमले के बाद बढ़ा सैन्य नियंत्रण
28 फरवरी 2026 को अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के बाद से क्षेत्र में हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं। ईरान के संयुक्त सैन्य कमांड ने बयान जारी कर कहा कि “स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर नियंत्रण पहले जैसी स्थिति में वापस आ गया है और अब यह सशस्त्र बलों की सख्त निगरानी में है।”
ईरान ने चेतावनी दी है कि जब तक अमेरिकी नाकाबंदी जारी रहेगी, तब तक इस जलमार्ग से जहाजों की आवाजाही रोकी जाएगी।
क्यों अहम है होर्मुज स्ट्रेट?
होर्मुज स्ट्रेट फारस की खाड़ी को दुनिया के अन्य हिस्सों से जोड़ने वाला बेहद संकरा समुद्री मार्ग है।
- वैश्विक तेल आपूर्ति का लगभग 20 प्रतिशत हिस्सा इसी रास्ते से गुजरता है।
- इसके बंद होने से अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की सप्लाई प्रभावित हो सकती है।
- कीमतों में तेज उछाल की आशंका बढ़ जाती है।
पहले ईरान ने सीमित निगरानी के साथ मार्ग खुला रखने की बात कही थी, लेकिन अब उसने पूर्ण नाकेबंदी लागू कर दी है।
ईरान ने आंशिक रूप से खोला एयरस्पेस
तनाव के बीच ईरान ने अपने एयरस्पेस को आंशिक रूप से खोलने की घोषणा की है। सुरक्षा कारणों से फिलहाल केवल पूर्वी हिस्से के हवाई मार्ग खोले गए हैं।
खोले गए प्रमुख एयरपोर्ट:
- इमाम खुमैनी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा
- मेहराबाद एयरपोर्ट
- मशहद
- बिरजंद
- गोरगन
- जाहेदान
ईरान के सिविल एविएशन ऑर्गनाइजेशन के अनुसार, पूर्वी ईरान के ऊपर हवाई मार्ग सुबह 7 बजे (03:30 GMT) से चालू कर दिए गए हैं। 28 फरवरी से बंद एयरस्पेस अब धीरे-धीरे बहाल किया जा रहा है, हालांकि पूर्ण संचालन की कोई समयसीमा घोषित नहीं की गई है।

भारतीय जहाज पर हमला, भारत ने जताई आपत्ति
होर्मुज में दोबारा नाकेबंदी लागू होने के बाद वहां से गुजर रहे दो जहाजों पर गोलीबारी की सूचना है, जिनमें एक भारतीय जहाज भी शामिल है। हालात बिगड़ते देख कम से कम दो भारतीय जहाजों ने यू-टर्न ले लिया।
इस घटना के बाद भारत ने ईरानी राजदूत को तलब कर औपचारिक आपत्ति दर्ज कराई है और भारतीय जहाजों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
सीजफायर पर अनिश्चितता
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने चेतावनी दी है कि यदि दो हफ्ते के युद्धविराम की अवधि समाप्त होने से पहले शांति समझौता नहीं हुआ, तो संघर्ष फिर से शुरू हो सकता है। बुधवार को युद्धविराम की अवधि खत्म हो रही है, जिससे क्षेत्रीय अस्थिरता की आशंका और बढ़ गई है।
संभावित असर
- वैश्विक तेल बाजार में अस्थिरता
- अंतरराष्ट्रीय शिपिंग और बीमा दरों में वृद्धि
- भारत समेत एशियाई देशों की ऊर्जा आपूर्ति पर असर
- मध्य-पूर्व में सैन्य टकराव की आशंका
मौजूदा हालात में कूटनीतिक समाधान की कोशिशें जारी हैं, लेकिन दोनों पक्षों के सख्त रुख के चलते तनाव कम होने के संकेत फिलहाल सीमित नजर आ रहे हैं।