
आबकारी उपयुक्त नवीन प्रताप सिंह तोमर गिरफ्तार
100 करोड़ रुपये की कथित आर्थिक अनियमितता मामले में कार्रवाई, विशेष न्यायालय से पुलिस रिमांड मंजूर
NTN REPORT//रायपुर, 19 फरवरी 2026। भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दर्ज प्रकरण में आबकारी विभाग के उपयुक्त नवीन प्रताप सिंह तोमर को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई ब्यूरो द्वारा अपराध क्रमांक 44/2024 के तहत की गई है। प्रकरण में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधित 2018) की धारा 7(बी), 8 तथा भारतीय दंड संहिता की धारा 120-बी के तहत मामला दर्ज है।
18 फरवरी को हुई गिरफ्तारी
ब्यूरो ने आरोपी नवीन प्रताप सिंह तोमर को 18 फरवरी 2026 को गिरफ्तार किया। जांच एजेंसी के अनुसार, यह कार्रवाई प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) से प्राप्त जानकारी के आधार पर आगे बढ़ाई गई।
ईडी ने 28.8 लाख रुपये किए थे जब्त
प्रवर्तन निदेशालय, क्षेत्रीय कार्यालय रायपुर के अधिकारियों ने 29 नवंबर 2023 को तीन व्यक्तियों से 28.8 लाख रुपये नकद जब्त किए थे। इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई हेतु छत्तीसगढ़ शासन को सूचना प्रेषित की गई थी, जिसके आधार पर ब्यूरो द्वारा प्रथम सूचना पत्र दर्ज किया गया।
जांच में सामने आया कमीशन का खेल
विवेचना में पाया गया कि CSMCL (छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड) के अधिकारियों द्वारा संबद्ध मैन पावर एजेंसियों को कथित रूप से अवैध भुगतान किए जा रहे थे। आरोप है कि इन भुगतानों का एक निश्चित हिस्सा कमीशन के रूप में रिश्वत स्वरूप प्राप्त किया जाता था।
जांच के अनुसार, प्रवर्तन निदेशालय द्वारा जब्त की गई राशि मैन पावर एजेंसियों — इंग्लो हंटर सॉल्यूशन लिमिटेड एवं अलर्ट कमांडोज प्राइवेट लिमिटेड — द्वारा दी जाने वाली कथित रिश्वत की रकम थी, जिसे तत्कालीन उप महाप्रबंधक CSMCL नवीन प्रताप सिंह तोमर तक पहुंचाया जाना था।
लगभग 100 करोड़ रुपये की आर्थिक क्षति के प्रमाण
अब तक की जांच में यह भी सामने आया है कि CSMCL द्वारा मैन पावर एजेंसियों को अवैध भुगतान किए जाने से शासन को लगभग 100 करोड़ रुपये की आर्थिक क्षति पहुंचने के प्रमाण मिले हैं। मामले में वित्तीय अनियमितताओं और कमीशन तंत्र की विस्तृत जांच जारी है।
विशेष न्यायालय में पेशी, पुलिस रिमांड मंजूर
आरोपी को 19 फरवरी 2026 को माननीय विशेष न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से पुलिस रिमांड प्राप्त किया गया है। जांच एजेंसियों का कहना है कि मामले में अभी और भी महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना है।
आगे की कार्रवाई जारी
प्रकरण में अग्रिम विवेचना जारी है। संबंधित दस्तावेजों और वित्तीय लेन-देन की गहन जांच की जा रही है। जांच एजेंसियां संभावित अन्य संलिप्त व्यक्तियों की भूमिका की भी पड़ताल कर रही हैं।