
डिजिटल धोखाधड़ी पर RBI की बड़ी राहत: ठगी होने पर 25 हजार रुपये तक मिलेगा मुआवजा
NTN NEWS REPORT// मुंबई। डिजिटल लेन-देन के बढ़ते मामलों के साथ ऑनलाइन ठगी की घटनाओं में लगातार इजाफा हो रहा है। इसी को देखते हुए भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने आम लोगों को बड़ी राहत देने की घोषणा की है। डिजिटल भुगतान के दौरान धोखाधड़ी का शिकार हुए उपभोक्ताओं को अब 25 हजार रुपये तक का मुआवजा दिया जाएगा।
RBI ने स्पष्ट किया है कि यह राहत 50 हजार रुपये तक की डिजिटल ठगी के मामलों में लागू होगी। इसके लिए जल्द ही एक फ्रेमवर्क जारी किया जाएगा, ताकि उपभोक्ताओं को समय पर न्याय मिल सके।
डिजिटल भुगतान में ठगी पर मिलेगी राहत
RBI के अनुसार, यूपीआई, इंटरनेट बैंकिंग, कार्ड पेमेंट जैसे डिजिटल माध्यमों से लेन-देन के दौरान यदि किसी उपभोक्ता के साथ धोखाधड़ी होती है, तो उसे मुआवजे का लाभ मिलेगा।
यह निर्णय डिजिटल भुगतान प्रणाली पर लोगों का भरोसा मजबूत करने के उद्देश्य से लिया गया है।
मौद्रिक नीति समिति की बैठक के बाद बड़ा ऐलान
RBI की मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक के बाद गवर्नर संजय मल्होत्रा ने बताया कि डिजिटल फ्रॉड के बढ़ते मामलों को गंभीरता से लेते हुए यह कदम उठाया गया है। उन्होंने कहा कि डिजिटल लेन-देन को सुरक्षित और भरोसेमंद बनाना RBI की प्राथमिकता है।
यह बताई गई है योजना की मुख्य बातें
- 50,000 रुपये तक की डिजिटल ठगी के मामलों में ही राहत मिलेगी
- ठगी की 85 प्रतिशत राशि (अधिकतम 25,000 रुपये) वापस की जाएगी
- ग्राहक से किसी तरह की पूछताछ नहीं होगी, ऑटो-रिफंड की व्यवस्था
- नुकसान की राशि का 70% RBI, 15% बैंक और 15% ग्राहक वहन करेगा
- इस योजना का लाभ जीवन में केवल एक बार मिलेगा
- वरिष्ठ नागरिकों और अन्य संवेदनशील वर्गों के लिए अतिरिक्त सुरक्षा प्रावधान
रेपो रेट यथावत, महंगाई पर नियंत्रण का भरोसा
RBI ने रेपो रेट को 5.25 प्रतिशत पर यथावत रखा है। साथ ही समिति ने अनुमान जताया है कि
- खुदरा महंगाई चालू वित्तीय वर्ष में 2.1 प्रतिशत के आसपास रह सकती है
- जीडीपी ग्रोथ 7.3 प्रतिशत रहने का अनुमान है
डिजिटल उपभोक्ताओं के लिए राहत भरा फैसला
विशेषज्ञों का मानना है कि यह फैसला डिजिटल भुगतान को और सुरक्षित बनाएगा और ऑनलाइन लेन-देन के प्रति आम लोगों का भरोसा बढ़ेगा।