
छत्तीसगढ़,बलरामपुर रामानुजगंज 10 जुलाई 2025// भूमि को विवादित बताकर रिश्वत की मांग करने वाले पटवारी को एसीबी की टीम ने रंगे हाथों गिरफ्तार किया है एसीबी के द्वारा पूरे छत्तीसगढ़ में लगातार रिश्वतखोर अधिकारियों कर्मचारियों के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही कर जेल भेजा जा रहा है पर ये रिश्वतखोर ऐसे है कि रिश्वत लेने से बाज ही नहीं आ रहे है।
प्राप्त जानकारी अनुसार प्रार्थी राजेश यादव, निवासी ग्राम विनायकपुर, तहसील शंकरगढ़, जिला-बलरामपुर-रामानुजगंज द्वारा एन्टी करप्शन ब्यूरो, अंबिकापुर में शिकायत की गई थी उनके पिताजी के नाम पर ग्राम विनायकपुर में पैतृक भूमि है। तहसीलदार शंकरगढ़ द्वारा उक्त भूमि विवादित बताकर सीमांकन कर जांच प्रतिवेदन भेजने के लिये हल्का पटवारी विनायकपुर, हल्का पटवारी ग्राम जमड़ी एवं हल्का पटवारी ग्राम दोहना को आदेशित किया गया था किन्तु किसी भी पटवारी के द्वारा उक्त कार्य नहीं किया जा रही थी।
प्रार्थी द्वारा कार्यवाही न होने पर ग्राम दोहना के पटवारी महेन्द्र कुजूर से मुलाकात करने पर उनके द्वारा 20,000 रूपये रिश्वत की मांग की गई। प्रार्थी रिश्वत नहीं देना चाहता था बल्कि आरोपी को रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़वाना चाहता था। शिकायत सत्यापन के दौरान मोलभाव कर 15,000 रूपये लेने आरोपी पटवारी सहमत हुआ। आज दिनांक 10.07.2025 को ट्रेप आयोजित कर प्रार्थी से महेन्द्र कुजूर, पटवारी, ग्राम दोहना को 15,000 रूपये रिश्वत लेते रंगे हाथो पकड़ा गया।
आरोपी को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध धारा 7 पीसीएक्ट 1988 (संशोधित अधिनियम 2018) के प्रावधानों के तहत् कार्यवाही की जा रही है। अन्य दो पटवारियों की संलिप्तता की भी जांच की जा रही है।